वक्फ संसोधन बिल लोकसभा में पास,दिल्ली भाजपा अध्यक्ष एवं अल्पसंख्यक मोर्चा ने किया स्वागत किया

News Sewa Desk

नई दिल्ली : दिल्ली भाजपा अध्यक्ष श्री वीरेन्द्र सचदेवा के नेतृत्व में अल्पसंख्यक मोर्चे के कार्यकर्ताओं ने रेल भवन गोल चक्कर के अलावा छह अन्य प्रमुख स्थानों पर वक्फ बोर्ड बिल के लोकसभा में पेश होने पर सुबह प्ले कार्ड लेकर स्वागत किया गया और शाम को पारित होने पर मिठाई बांटी।

प्ले कार्ड समर्थन एवं मिठाई वितरण में अल्पसंख्यक मोर्चा के अध्यक्ष श्री अनिस अब्बासी के साथ मौजूद प्रमुख कार्यकर्ता नईम सैफी, फैसल मंसूरी, शबाना रहमान, इरफान सलमानी, जुल्फिकार अली, इमतियाज अहमद, मुर्शिदा खातून, खालिद चौधरी भी मौजूद थे।

देर शाम वक़्फ़ बोर्ड बिल लोकसभा में पास होने के उपरांत वीरेंद्र सचदेवा सहित अल्पसंख्यक मोर्चा के पदाधिकारियों ने मिठाइयाँ बाँटकर अपनी ख़ुशी ज़ाहिर की। इसके साथ ही अल्पसंख्यक मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने देश के निचले और दबे तबके के मुसलमान भाइयों बहनों को इस जनकल्याणकारी बिल के पास होने पर बधाई दी और प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का आभार प्रकट किया।

वीरेन्द्र सचदेवा ने कहा कि नए वक्फ़ बोर्ड बिल के सहारे दिल्ली ही नहीं देश भर के मुसलमानों की तरक्की के लिए एक नया रास्ता खुलेगा और मुस्लिम समुदाय का एक विशेष समाज जो वक्फ को अपनी हुकूमत मान बैठा था और पसमंदा मुस्लिम भाईयों को हाशिए पर रखने की साजिश कर रहा था अब उससे छुटकारा मिलेगा और वर्षों से सताए जा रहे पसमंदा मुस्लिम भाई बहनों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने का काम किया जाएगा।

वीरेन्द्र सचदेवा ने कहा कि आज जो लोग वक़्फ़ बिल का विरोध कर रहे हैं उनकी मानसिकता पर मुझे तरस आता है। यह बिल उन महिलाओं के लिए, उन बच्चों के लिए भी है जिनके हक़ को पिछले 75 सालों से छीना गया है।

इसे वक्फ़ अमेंडमेंट बिल की जगह वक्फ़ इंप्रोमेंट बिल कहना ज़्यादा बेहतर है क्योंकि इसके पक्ष में समाज में ख़ुद को अपेक्षित महसूस करने वाले वे सभी मुस्लिम भाई बहन है। सिर्फ़ वे लोग इनका विरोध कर रहे हैं जो हमेशा से मुस्लिमों पर राजनीतिक करने का काम किया है लेकिन प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अब सबका साथ सबका विकास सबके उपर लागू होगा।

दिल्ली भाजपा अध्यक्ष श्री वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि जो लोग गुमराह होकर आज इसका विरोध कर रहे हैं उन्हें समझना पड़ेगा कि आखिर क्या कारण है कि वक्फ बोर्ड की जमीनों पर कोई अस्पताल या स्कूल क्यो नहीं बनता और वे सभी जमीने इधर उधर अटपटे दामों में ठिकाने लगा दिए जाते हैं।

अनीस अब्बासी ने कहा है कि आजादी के लगभग 8 दशक बाद नरेन्द्र मोदी पहले प्रधानमंत्री हैं जो कुछ लोगों का वक्फ बोर्ड पर कब्जा हटा कर वक्फ को आम मुस्लिम को सौपना चाहते हैं।

अब्बासी ने कहा कि जेपीसी को मिले 97 लाख सुझावों पर विचार करने के बाद यह बिल तैयार किया गया है। इसलिए इसका विरोध करना और इसपर राजनीति करने का प्रयास ना किया जाए।