नई दिल्ली :
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आज राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली को स्वच्छ, हरित और कचरा मुक्त बनाने के उद्देश्य से ‘दिल्ली को कूड़े से आजादी- स्वच्छता अभियान’ नामक एक महत्वाकांक्षी स्वच्छता अभियान की शुरुआत की। यह अभियान 1 से 31 अगस्त 2025 तक चलेगा, जिसमें दिल्ली की विभिन्न एजेंसियां और नागरिक स्वच्छता के एक समान उद्देश्य के तहत मिलकर काम करेंगे.
इस कार्यक्रम का शुभारंभ समारोह डॉ. एस.पी.एम. सिविक सेंटर स्थित केदारनाथ साहनी सभागार में आयोजित किया गया, जिसमें लोक निर्माण विभाग मंत्री श्री प्रवेश साहिब सिंह, शहरी विकास मंत्री श्री आशीष सूद, पर्यावरण मंत्री सरदार मनजिंदर सिंह सिरसा, संस्कृति मंत्री श्री कपिल मिश्रा, दिल्ली के महापौर श्री राजा इकबाल सिंह, उप महापौर श्री जय भगवान यादव, स्थायी समिति की अध्यक्ष, श्रीमती सत्या शर्मा, सदन के नेता श्री प्रवेश वाही, स्थायी समिति उपाध्यक्ष, श्री सुंदर सिंह, एनडीएमसी के उपाध्यक्ष श्री कुलजीत सिंह चहल सहित कई प्रमुख गणमान्य व्यक्तियों ने भाग लिया.
समारोह को संबोधित करते हुए, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि हम दिल्ली के इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय लिख रहे हैं. पहली बार, एमसीडी, पीडब्ल्यूडी, दिल्ली पुलिस जैसी एजेंसियां और अन्य एजेंसियां पूर्ण समन्वय के साथ मिलकर काम कर रही हैं. प्रत्येक नागरिक को इस अभियान की जिम्मेदारी लेनी चाहिए.
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि अभियान के पहले दो दिन स्कूलों, अस्पतालों और कार्यालयों में लंबित सफ़ाई कार्यों को निपटाने पर केंद्रित होंगे। प्रत्येक शनिवार और रविवार को, अनधिकृत कॉलोनियों और जेजे क्लस्टरों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा.यमुना घाटों पर 14, 21 और 28 अगस्त को विशेष सफाई अभियान चलाए जाने की योजना है, जबकि रिंग रोड की सफाई 29 और 31 अगस्त को की जाएगी.
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि इस अभियान के लिए एमसीडी को ₹5 करोड़ आवंटित किए गए हैं. सामुदायिक भागीदारी को प्रोत्साहित करने के लिए, उन्होंने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाली रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) को ₹25 लाख, दूसरे और तीसरे स्थान पर रहने वाली को क्रमशः ₹15 लाख और ₹10 लाख सहित कई प्रोत्साहन राशि की भी घोषणा की.
इस विजन को आगे बढ़ाते हुए, शहरी विकास मंत्री आशीष सूद ने ज़ोर देकर कहा कि स्वच्छता केवल वीआईपी ज़ोन तक सीमित नहीं होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि दिल्ली की असली आत्मा जेजे क्लस्टर्स और अनधिकृत कॉलोनियों में बसती है. दशकों से, ये इलाके स्वच्छता और सम्मान से वंचित थे – मानो यह अमीरों का विशेषाधिकार हो. यह अभियान इस कहानी को बदल देगा.
आशीष सूद ने कहा कि सभी प्रमुख एजेंसियों – एमसीडी, पीडब्ल्यूडी, एनडीएमसी, दिल्ली पुलिस और अन्य – के पूर्ण समन्वय से काम करते हुए, दिल्ली सरकार ने प्रत्येक नागरिक, संगठन और सामुदायिक समूह से सक्रिय रूप से भाग लेने और दिल्ली को स्वच्छता के लिहाज से एक आदर्श शहर बनाने का आह्वान किया है.
दिल्ली के महापौर राजा इकबाल सिंह ने कहा कि यह अभियान केवल स्वच्छता अभियान नहीं है. यह दिल्ली को एक सुंदर, स्वस्थ और गरिमापूर्ण राजधानी के रूप में स्थापित करने का एक सामूहिक प्रयास है। माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण से प्रेरित होकर, हम मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में महात्मा गांधी के स्वच्छ भारत के सपने को आगे बढ़ा रहे हैं.